शॉक (झटका)

शॉक (झटका)

Average
3.6
Rating : 12345
Rate This : 1 2 3 4 5

अवलोकन

  • शॉक (झटका) जीवन के लिये खतरनाक स्थिति है
  • महत्वपूर्ण अंगों को पर्याप्त रक्त न मिलने के परिणामस्वरूप शॉक होता हैं ।
कारण
  • गंभीर संक्रमण
  • एलर्जी प्रतिक्रियाएं
  • लू लगना (हीट स्ट्रोक)
  • शॉक
  • विषाक्तता ।
  • चोट
लक्षण
  • ठंड़ी, चिपचिपी त्वचा
  • निर्जीव आँखें
  • फ़ैली हई पुतलियां
  • उल्टी या जी मतलाना
  • कमजोरी लगना
  • भ्रमित होना
  • उत्तेजना
  • चिंता
  • उथली धीमी/सांस आना या तेज/गहरी साँस आना
  • कमजोर और तेज़ धड़कन ।
उपचार
ऐसा हो तो आपातकालीन चिकित्सा सहायता प्राप्त करें-
  • व्यक्ति को पीठ के बल लिटायें
  • पैरों को सिर के स्तर से ऊँचा उठाएं
  • यदि पैरों को ऊँचा उठाने से दर्द होता हैं, तो व्यक्ति को निश्चल ही रखें
  • श्वास की जांच करें
  • यदि नहीं साँस नहीं आ रही तो, कार्डियो पल्मोनरी रिसास्किटेशन (सीपीआर) करें
  • तंग कपड़ों को ढ़ीला कर के व्यक्ति को आरामदेह स्थिति में रखें
  • व्यक्ति को कंबल से ढ़क देवें
  • अगर मुंह से उल्टी या खून बह रहा हैं, तो पीड़ित को करवट से लिटा दें
  • मुँह से खाने के लिये कुछ ना देवें ।
रोकथाम
  • झटके को रोकने के तरीकों को जानियें
  • यदि आपके एलर्जी हैं तो आपातकालीन किट को हमेशा साथ रखें
  • परिवार और दोस्तों को आपातकालीन किट का उपयोग करना सिखायें ।

Medindia Newsletters

Subscribe to our Free Newsletters!

Terms & Conditions and Privacy Policy.

Advertisement